हल्द्वानी रामलीला मैदान में 11 अगस्त को हुए कथित शुद्धिकरण मामले पर सियासत तेज है. कांग्रेस इस मुद्दे पर बीजेपी को घेर रही है.
देहरादून: हल्द्वानी के रामलीला मैदान में कथित शुद्धिकरण मामला थमने का नाम नहीं ले रहा है, कांग्रेस पार्टी ने जहां एक तरफ 7 सितंबर को मुख्यमंत्री आवास कूच करने का आह्वान किया है, तो वहीं कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने बीजेपी पर निशाना साधा है. गणेश गोदियाल ने कहा है कि दोषियों पर कार्रवाई नहीं करना इस बात का प्रमाण है, कि सरकार का उस धार्मिक संगठन के साथ कहीं ना कहीं गठजोड़ है.
उन्होंने शुद्धिकरण मामले पर अपना बयान जारी करते हुए कहा कि इस मसले की चर्चा राज्यसभा तक हुई है और राज्यसभा में इस घटना पर सभापति ने अपना दुख जताया और कहा कि तमाम तथ्यों की जांच करने के बाद सरकार यह सुनिश्चित करे कि यह पूरा प्रकरण सामने आना चाहिए, ताकि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई हो सके.
इतने दिन बीत जाने के बावजूद इस दिशा में अब तक कोई कार्रवाई नहीं हो पाई. उसके बाद जिस तरह पूरे प्रकरण पर राज्यसभा की ओर से पत्र लिखकर केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने रेस्पॉन्ड करते हुए इस पूरे मामले की याद सरकार को दिलाई, यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है. इतने दिन बीत जाने के बावजूद सरकार एक तो चोरी ऊपर से सीना चोरी की कहावत को चरितार्थ करती आ रही है.
गणेश गोदियाल ने कहा कि जिन लोगों ने इस कृत्य को अंजाम दिया, उससे ज्यादा दोषी मुख्यमंत्री और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हैं. उन्होंने आगे आरोप लगाया कि इस घटना पर सरकार की तरफ से अब तक कोई भी कार्रवाई नहीं होना इस बात को साबित करता है कि इससे सरकार का गहरा लेना देना है. कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन का अपमान सरकार की शह पर हुआ है. उन्होंने इस पूरे मामले पर तीन प्रमुख मांगे उठाते हुए 7 सितंबर को मुख्यमंत्री आवास घेराव किया जाने का आह्वान किया है.
गौर हो कि उत्तराखंड के हल्द्वानी स्थित रामलीला मैदान में 11 अगस्त को हुए कथित शुद्धिकरण मामले पर कांग्रेस मुखर है. जिसको लेकर कांग्रेस देशभर में विरोध प्रदर्शन कर रही है. साथ ही मंच शुद्धिकरण करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की जा रही है. बता दें कि हल्द्वानी के रामलीला मैदान में 8 अगस्त को कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की विशाल रैली आयोजित हुई थी. जिसके बाद कथित शुद्धिकरण मामले को लेकर कांग्रेस बीजेपी को लगातार घेर रही है.
